Thursday, 06 Aug 2026
BREAKING India Latest News | World News | Sports | Business | Entertainment | Technology | Weather Updates | Live News 24x7
Click on the Edit Content button to edit/add the content.


वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Sooryavanshi) ने 15 साल की उम्र में अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया. इसके साथ उन्होंने भारत की पुरुष टीम में सबसे युवा क्रिकेटर के रूप में डेब्यू करने के मामले में सचिन तेंदुलकर को पछाड़ा. डेब्यू के कुछ मैचों के बाद ही जिम्बाब्वे दौरे पर वैभव ने अर्धशतक लगाया, जिससे वह इंटरनेशनल क्रिकेट में फिफ्टी लगाने वाले सबसे युवा बल्लेबाज बने. वैभव ने बहुत कम उम्र में काफी सुर्खियां बटोर ली हैं. 

इससे पहले भारतीय क्रिकेट में कुछ ऐसे खिलाड़ी आए, जिन्होंने कम उम्र में नाम कमाया और फिर अचानक उनका बहुत बुरा डाउनफॉल आया. इस लिस्ट में सचिन तेंदुलकर के साथ खेलने वाले विनोद कांबली और मौजूदा युवा बल्लेबाज पृथ्वी शॉ शामिल हैं. 

शुरुआत में अक्सर कांबली को सचिन से ज्यादा काबिल बल्लेबाज बताया जाता था, लेकिन वक्त बढ़ने के साथ सचिन निरंतरता के साथ खेलते रहे. दूसरी तरफ, कांबली कई और चीजों में उलझ गए, जिससे उनके करियर पर बहुत बुरा असर पड़ा और वक्त से पहले ही वह क्रिकेट की दुनिया से गायब हो गए. 

इसी तरह 18 साल की उम्र में इंटरनेशनल डेब्यू करने वाले पृथ्वी शॉ में सचिन तेंदलुकर से लेकर कई दिग्गज बल्लेबाजों की झलक बताई गई थी, लेकिन शॉ भी निरंतर नहीं रह सके. वक्त बढ़ने के साथ वह भी कई और चीजों में फंसे और धीरे-धीरे क्रिकेट से साइडलाइन हो गए. पूर्व भारतीय बल्लेबाज रॉबिन उथप्पा ने वैभव को लेकर भी इसी तरह की चिंता जाहिर की. 

वैभव सूर्यवंशी पर क्या बोले रॉबिन उथप्पा?

अपने यूट्यूब चैनल पर बात करते हुए रॉबिन उथप्पा ने कहा, “वह व्हाइट बॉल क्रिकेट में सचिन तेंदुलकर से भी बड़ा इम्पैक्ट डाल सकते हैं. लेकिन उन्हें किस तरह से मैनेज किया जाता है, यह देखना अहम होगा. हमने पहले भी भारतीय क्रिकेट में शानदार खिलाड़ियों को उभरते हुए देखा है. हमने विनोद कांबली और पृथ्वी शॉ को देखा, जब वे 17-18 साल के थे, तभी लोग यह पूछने लगे थे कि वे आगे चलकर क्या बनेंगे? और फिर अचानक वे पटरी से उतर गए.”

अगले 5 सालों में कहां पहुंचेंगे वैभव सूर्यवंशी?

उथप्पा ने आगे कहा, “कहा जा सकता है कि यह वैभव का पहला टेस्ट होगा. क्या वह अगले पांच सालों तक खेल पर अपना ध्यान और साफ-सुथरी छवि बनाए रख पाएंगे? वह अभी 15 साल के हैं, तो क्या वह 20 साल के होने तक ऐसे ही बने रह पाएंगे? उसकी देखभाल करने के लिए काफी लोग हैं. उसे बस खेल पर ही ध्यान देना चाहिए. 

पूर्व भारतीय क्रिकेटर ने आगे कहा, “जब हम उसकी बातें सुनते हैं, तो उसके स्वभाव में बहुत मासूमियत दिखती है. मुझे यह बात बहुत अच्छी लगती है कि वह अपने पास आने वाले हर विज्ञापन और हर डील को मना कर रहा है और सिर्फ क्रिकेट पर ध्यान लगा रहा है. अभी उसे एक बच्चे के तौर पर देखा जाता है. जब वह 18 साल का हो जाएगा, तो उसे एक पुरुष के तौर पर देखा जाने लगेगा और लड़कियों का ध्यान भी उसकी ओर जाएगा. इससे भी लोगों का ध्यान भटक सकता है.”

सोशल मीडिया से दूर रहने की दी सलाह 

उथप्पा ने कहा, “मुझे नहीं लगता कि अभी उसे सोशल मीडिया से परिचित कराना चाहिए. यह बच्चा क्रिकेट के लिए ही बना है. विराट के मामले में भी ऐसा ही महसूस हुआ था. वह इसी के लिए बना है. उसे उस ‘बबल’ में रहने दीजिए. मुझे लगता है कि उसे बाहरी दुनिया से दूर नहीं रखना चाहिए.”

 

यह भी पढ़ें: इंग्लैंड की टेस्ट टीम में इस ऑस्ट्रेलियाई की होगी एंट्री, कोच स्टीफन फ्लेमिंग ने भेजा ऑफर



Source link